
‘नमामि त्वां गणाधिप !‘ गणाधिप नमस्तुभ्यं सर्वविघ्नप्रशान्तिद । उमानन्दप्रद प्राज्ञ...
सृष्टि-प्रारम्भ काल में सप्तऋषि भगवान शिव से प्राप्त ज्ञान को पृथ्वी-वासियों के कल्याण हेतु और वर्णाश्रम धर्म, योग, नैतिकता और आचरण आदि सम्बंधित ज्ञान का प्रसार करते हैं, शिक्षा देते हैं. वैदिक और पुराण साहित्य इतना विशाल है कि इसका 10% भी पढ़ना / जानना एक जीवनकाल में संभव नहीं है “धर्म सनातन साइट” इस अथाह ज्ञान में से अत्यंत उपयोगी ज्ञान छांट कर सनातनी हिंदुओं को उपलब्ध कराता है , जिन्हें वर्तमान युग और उनके परिवेश के कारण सनातन धर्म, संस्कृति और परंपराओं पर सही ज्ञान तक पहुँच नहीं है

‘नमामि त्वां गणाधिप !‘ गणाधिप नमस्तुभ्यं सर्वविघ्नप्रशान्तिद । उमानन्दप्रद प्राज्ञ...

रामायण कितनी हैं ? (भाग-3) यदि आपने इस श्रृंखला के पहले...

गणेश जी प्रथम पूज्य क्यों हैं? भगवान् गणेश की अग्रपूजा...

भाग 1 भाग २ में हम युग की विशेषताएं, उसके...

जानिए सनातन धर्म पूरे विश्व में बसे हिंदू जनों के...

तब तो आपको ज्योतिष पर भी विश्वास करना ही होगा, भारतीय...

पुनर्जन्म की सत्यता को समझने से पहले हमे कुछ प्रश्नो...

जिस तरह से सनातन धर्म का न आदि है न...

शास्त्रों में वर्णित सरल उपायों के बाद भी मोक्ष...

अगर आपने ‘वेद क्या हैं?’ शृंखला के पिछले भाग नहीं पढ़े हैं तो यहाँ क्लिक करें: 👉 [भाग १] |...

वेद क्या हैं ? श्रृंखला के पिछले दो लेख पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करें भाग-१ और भाग २ ...

यदि आपने “सूर्य-नारायण का महात्म्य (भाग-1)” अभी तक नहीं पढ़ा है, तो उसे पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करें।...

वेद क्या हैं ? – भाग २ (अगर आपने भाग-१ नहीं पढ़ा है तो यहाँ क्लिक करें ->भाग १ )...

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वेद क्या हैं ? – भाग २ (अगर आपने भाग-१ नहीं पढ़ा है तो यहाँ क्लिक करें ->भाग १ )...

भाग १ इस लेख-शृंखला का ध्येय वेदों के प्रति जिज्ञासा रखना प्रत्येक हिंदू का सौभाग्य है, किंतु उस जिज्ञासा की...

तब तो आपको ज्योतिष पर भी विश्वास करना ही होगा, भारतीय ज्योतिष बहुत उन्नत विज्ञान है बल्कि यह कहना अतिशयोक्ति नहीं...

महाभारत (पंचम वेद) के अलौकिक एवं अद्भुत रहस्य सनातन धर्म के अनंत वांग्मय में महाभारत केवल एक ग्रंथ नहीं,...

पुनर्जन्म की सत्यता को समझने से पहले हमे कुछ प्रश्नो पर विचार करना आवश्यक है आस्तिक कहता है—‘अभी...

शास्त्रों में वर्णित सरल उपायों के बाद भी मोक्ष असंभव क्यों है? सर्वप्रथम हम मोक्ष का अर्थ समझेंगे तत्पश्चात...

रामराज्य का महत्त्व: अनसुने सत्य क्या आप जानते हैं कि भगवान श्रीराम के लगभग 11,000 वर्षों के शासनकाल में— किसी...

महर्षि वेदव्यास गुरुओं के परम गुरु हैं! उनकी जन्म तिथि ही ‘गुरु पूर्णिमा’ है ! सनातन संस्कृति में ‘गुरु’ को...

महाभारत (पंचम वेद) के अलौकिक एवं अद्भुत रहस्य सनातन धर्म के अनंत वांग्मय में महाभारत केवल एक ग्रंथ नहीं,...

होली केवल एक लोक–उत्सव ही नहीं ! सनातन धर्म में कोई भी पर्व आकस्मिक नहीं है। प्रत्येक उत्सव ब्रह्मांडीय चक्रों,...